रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी में ऑनलाइन सट्टा कारोबारियों के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई में से एक को अंजाम दिया है। एण्टी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) और थाना गंज पुलिस की संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर एक ऐसे गिरोह को पकड़ा है, जो लग्जरी कार के भीतर से सट्टे का नेटवर्क संचालित कर रहा था। पुलिस ने मौके से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
सिंधु भवन की पार्किंग में दबिश, रंगे हाथों पकड़े गए सटोरिये
8 जनवरी को पुलिस को पुख्ता सूचना मिली थी कि गंज थाना क्षेत्र के सिंधु भवन पार्किंग के पास एक संदिग्ध कार में बैठकर कुछ लोग मोबाइल और लैपटॉप के जरिए ऑनलाइन सट्टा खिला रहे हैं। पुलिस टीम ने बिना वक्त गंवाए मौके पर दबिश दी। वहां खड़ी एक हुंडई टक्सन कार की तलाशी लेने पर सट्टे का पूरा काला कारोबार सामने आ गया।
पुलिस ने कार में सवार निम्नलिखित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है:
- रितेश गोविंदानी
- मोहम्मद अख्तर
- विक्रम राजकोरी
- सागर पिंजानी
मास्टर आईडी का खेल: करोड़ों का ट्रांजैक्शन
पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि ये आरोपी ऑनलाइन बैटिंग साइट्स की ‘मास्टर आईडी’ रखते थे। वे न केवल खुद सट्टा संचालित करते थे, बल्कि कमीशन लेकर अन्य लोगों को भी यूजर आईडी बांटते थे। इस गिरोह का जाल काफी फैला हुआ था, जिसकी जांच अब पुलिस गहराई से कर रही है।
जब्त सामान और बैंक खातों पर शिकंजा
पुलिस की इस रेड में भारी मात्रा में नकदी और डिजिटल उपकरण बरामद हुए हैं:
- नकद राशि: 50 लाख 35 हजार रुपये।
- वाहन: हुंडई टक्सन कार।
- अन्य उपकरण: लैपटॉप, मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड और पासपोर्ट।
- कुल जब्ती: करीब 80 लाख रुपये की संपत्ति।

