बेरला (अछोली): ग्रामीण विकास और आत्मनिर्भरता को धरातल पर उतारने के उद्देश्य से बेरला ब्लॉक के ग्राम अछोली में ‘जी राम जी’ कार्यशाला के तहत तालाब गहरीकरण का कार्य युद्ध स्तर पर शुरू हो गया है। मनरेगा (MGNREGA) के माध्यम से संचालित इस परियोजना का मुख्य लक्ष्य स्थानीय ग्रामीणों को उनके ही गांव में रोजगार उपलब्ध कराकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
जनप्रतिनिधियों ने लिया कार्य का जायजा
परियोजना की प्रगति और गुणवत्ता परखने के लिए ग्राम पंचायत के प्रमुख पदाधिकारी कार्यस्थल पर पहुंचे। निरीक्षण दल में मुख्य रूप से:
- श्रवण कुमार गेंड्रे (सरपंच प्रतिनिधि)
- लोमेश कुमार सेन (भाजयुमो जिला प्रभारी, प्रचार-प्रसार)
- पूजा शीतलेश तिवारी (उपसरपंच) शामिल थे।
अतिथियों ने तालाब की मेढ़ पर पसीना बहा रहे मजदूरों से सीधा संवाद किया और कार्यस्थल पर उपलब्ध सुविधाओं व मजदूरी भुगतान के संबंध में जानकारी ली।
“बंद कमरों में नहीं, ग्राम सभा में बनेंगे विकास के खाके”
निरीक्षण के दौरान भाजयुमो नेता लोमेश कुमार सेन ने योजना के दूरगामी परिणामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा:
” ‘जी राम जी’ योजना का मूल मंत्र केवल मजदूरी देना नहीं, बल्कि गांव को पूर्णतः रोजगारयुक्त और स्वावलंबी बनाना है। अब विकास की रूपरेखा पंचायत के बंद कमरों के बजाय सीधे ग्राम सभा में ग्रामीणों के बीच तैयार होगी। यह दृष्टिकोण ग्रामीण भारत से गरीबी उन्मूलन में मील का पत्थर साबित होगा।”
जल संरक्षण के साथ निस्तारी की समस्या होगी दूर
तालाब गहरीकरण से न केवल भू-जल स्तर में सुधार होगा, बल्कि आने वाले भीषण गर्मी के दिनों में मवेशियों के पीने के पानी और ग्रामीणों के निस्तारी की समस्या का भी स्थाई समाधान हो सकेगा।
प्रशासनिक टीम और ग्रामीणों की सक्रियता
कार्य को सुचारू रूप से चलाने में रोजगार सहायक सत्यनारायण टंडन, रामायण साहू, सूर्यप्रकाश यादव, चुनेश्वर साहू, लोकेश कुमार साहू और पुरुषोत्तम बांधे सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
इस अवसर पर पंच कुमारी साहू, उत्तम निषाद, स्वरसती यादव सहित ग्रामीण जागरूक नागरिक दीनू निषाद, थानेश्वर निषाद, प्रीतम साहू, राजेंद्र निषाद और वीरेंद्र सहित बड़ी संख्या में मजदूर उपस्थित रहे।

