बेमेतरा/बेरला:- छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले के बेरला थाना क्षेत्र के ग्राम लावातरा में पिछले साल हुई सनसनीखेज हत्या की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। चौंकाने वाली बात यह है कि इस अंधे कत्ल का कातिल कोई और नहीं, बल्कि मृतक का सगा बड़ा भाई ही निकला। पुलिस ने आरोपी भाई को गिरफ्तार कर लिया है, जिसने जमीन विवाद के चलते इस जघन्य वारदात को अंजाम दिया था।
14 महीने बाद सलाखों के पीछे कातिल
यह मामला 1 जनवरी 2025 का है, जब डामर उर्फ डोमार साहू ने खुद पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके छोटे भाई सनत कुमार साहू की किसी अज्ञात व्यक्ति ने घर में घुसकर हत्या कर दी है। आरोपी ने हत्या के बाद साक्ष्य मिटाने के लिए शव को कोठे में रखे पैरा (पुआल) में डालकर जलाने की कोशिश भी की थी।
पुलिस को ऐसे हुआ शक
मामले की गंभीरता को देखते हुए आईजी अभिषेक शांडिल्य और डीआईजी रामकृष्ण साहू के निर्देशन में टीम गठित की गई। घटना के बाद से ही प्रार्थी डामर साहू के बयानों में विरोधाभास नजर आ रहा था। पुलिस ने वैज्ञानिक पद्धति का सहारा लेते हुए आरोपी का पॉलीग्राफ और ब्रेन मैपिंग टेस्ट रायपुर एफएसएल में कराया। टेस्ट रिपोर्ट में डामर साहू के झूठ और अपराध की संलिप्तता की पुष्टि हो गई।
16 एकड़ जमीन बनी मौत का कारण
विवेचना में खुलासा हुआ कि परिवार के पास कुल 16 एकड़ जमीन थी, जिसमें से छोटे भाई सनत को सिर्फ 1.45 एकड़ जमीन दी गई थी। सनत लगातार आधे हिस्से की मांग कर रहा था, जिसे लेकर दोनों भाइयों के बीच अक्सर विवाद होता था। इसी रंजिश और जमीन के लालच में आकर बड़े भाई डामर ने धारदार हथियार से हमला कर सनत की हत्या कर दी।
पुलिस टीम की मेहनत लाई रंग
एसडीओपी बेरला विनय कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 14 महीने तक लगातार साक्ष्य जुटाए। अंततः 23 फरवरी 2026 को आरोपी डामर सिंह साहू उर्फ डोमार साहू (40 वर्ष) को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में बेरला थाना प्रभारी राजकुमार साहू और उनकी टीम का विशेष योगदान रहा।

