बिलासपुर। जिले में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के तहत मिलने वाले चावल को लेकर बड़ी समस्या खड़ी हो गई है। सरकार द्वारा सभी गरीब और सामान्य वर्ग के हितग्राहियों के लिए ई-केवाईसी (E-KYC) अनिवार्य किए जाने और इसकी अंतिम तिथि 30 नवंबर तय होने के बावजूद, बड़ी संख्या में लोगों ने यह प्रक्रिया पूरी नहीं की। परिणामस्वरूप, इन हितग्राहियों का चावल आबंटन रोक दिया गया है, जिससे लोगों में भारी असमंजस और निराशा है।
❌ एपीएल कार्डधारियों में ज्यादा परेशानी
राशन दुकानों पर सुबह से ही हितग्राहियों की लंबी कतारें लगी हैं। हालांकि, कई लोगों को यह सुनकर निराशा हो रही है कि उनके कार्ड का ई-केवाईसी पूरा नहीं हुआ है, जिसके कारण उनका चावल का आबंटन विलोपित (निरस्त) कर दिया गया है। एपीएल (APL) कार्डधारियों में यह समस्या विशेष रूप से देखने को मिल रही है। लोग परेशान हैं कि अब उन्हें राशन का चावल कब और कैसे मिलेगा।
🗣️ राशन दुकानदारों ने बताई मजबूरी
राशन दुकानदारों का कहना है कि शासन ने पीडीएस के तहत सभी हितग्राहियों के लिए ई-केवाईसी जरूरी कर दिया था, लेकिन अंतिम तिथि तक बड़ी संख्या में लोग केंद्रों तक नहीं पहुंचे। जिले की लगभग हर दुकान में ऐसी शिकायतें सामने आ रही हैं। कई विक्रेताओं का कहना है कि आबंटन रुकने से नाराज लोग गुस्से में दुकानों पर पहुंच रहे हैं, लेकिन यह समस्या तकनीकी और प्रशासनिक प्रक्रिया से जुड़ी हुई है।
✅ खाद्य नियंत्रक ने दी राहत की बात
इस पूरे मामले पर बिलासपुर खाद्य नियंत्रक ने स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट और केंद्र सरकार के निर्देशों के बाद ई-केवाईसी की प्रक्रिया शुरू की गई थी।
”जिन हितग्राहियों ने समय पर अपना ई-केवाईसी नहीं कराया, उनका आबंटन नियम अनुसार निरस्त किया जा रहा है। लेकिन राहत की बात यह है कि जो भी हितग्राही सही दस्तावेज लेकर दुकान में पहुंचकर ई-केवाईसी करा लेगा, उसका आबंटन दोबारा सक्रिय कर दिया जाएगा और उसे फिर से चावल मिलना शुरू हो जाएगा।“
— खाद्य नियंत्रक, बिलासपुर
फिलहाल, प्रशासन हितग्राहियों से अपील कर रहा है कि वे बिना देर किए जल्द से जल्द अपना ई-केवाईसी पूरा कराएं, ताकि उन्हें राशन वितरण में किसी तरह की बाधा का सामना न करना पड़े।

