सुकमा: छत्तीसगढ़ के धुर नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में सुरक्षा बलों ने नक्सलियों के मंसूबों पर पानी फेरते हुए उनकी एक अवैध हथियार निर्माण फैक्ट्री (ऑर्डिनेंस फैक्ट्री) को ध्वस्त कर दिया है। रविवार को चलाए गए इस संयुक्त ऑपरेशन में CRPF और DRG के जवानों ने मीनागट्टा इलाके की पहाड़ियों में छिपे इस कारखाने का पर्दाफाश किया।
पहाड़ियों के बीच चल रही थी गन फैक्ट्री
नक्सलियों ने सुरक्षित ठिकाना मानकर मीनागट्टा के पहाड़ी क्षेत्र में हथियार बनाने का सेटअप तैयार किया था। यहाँ न केवल बंदूकें बनाई जा रही थीं, बल्कि विस्फोटक और गोला-बारूद भी तैयार किया जा रहा था। जवानों की संयुक्त टीम ने रणनीतिक घेराबंदी कर इस फैक्ट्री को तबाह कर दिया और मौके से बड़ी मात्रा में डंप सामग्री जब्त की।
बरामद हथियारों और सामग्रियों की सूची
पुलिस ने मौके से जो सामग्री बरामद की है, वह नक्सलियों के खतरनाक इरादों को दर्शाती है:
- हथियार: 08 नग सिंगल शॉट राइफल।
- विस्फोटक: 10 किलो अमोनियम नाइट्रेट, 02 किलो PEK विस्फोटक, 01 किलो ANFO।
- उपकरण: वेल्डिंग मशीन, कटर मशीन, मल्टीमीटर।
- संचार व अन्य: 08 नग वायरलेस VHF सेट, इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, कॉर्डेक्स वायर, सेफ्टी फ्यूज और नक्सली वर्दी।
- इसके अलावा बड़ी मात्रा में नक्सली साहित्य और राइफल बनाने के कच्चे उपकरण बरामद किए गए हैं।
नक्सलियों की कमर तोड़ रही है नई रणनीति
सुकमा पुलिस अधीक्षक (SP) ने बताया कि बस्तर में शांति व्यवस्था के लिए पुलिस पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने आंकड़ों के जरिए बताया कि वर्ष 2024 से अब तक माओवादियों के नेटवर्क पर कड़ा प्रहार हुआ है:
- 599 माओवादियों ने किया आत्मसमर्पण।
- 460 माओवादी गिरफ्तार किए गए।
- 71 माओवादी मुठभेड़ में मारे गए।

