बेमेतरा। उत्तर भारत समेत देश के कई हिस्सों में पड़ रहे घने कोहरे के कारण हो रहे भीषण सड़क हादसों को देखते हुए बेमेतरा परिवहन विभाग अलर्ट मोड पर है। यमुना और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे जैसे मार्गों पर कोहरे के कारण हुए हालिया हादसों से सबक लेते हुए विभाग ने राज्य के सभी बस संचालकों और कमर्शियल वाहन चालकों के लिए विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
सतर्कता ही सुरक्षा: विभाग की विशेष अपील
परिवहन विभाग ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि घने कोहरे में वाहन चलाना उतना ही खतरनाक है जितना आँखों पर पट्टी बाँधकर गाड़ी चलाना। विभाग ने कहा है कि कोहरे के दौरान सड़क पर केवल ‘खुद देख पाना’ ही काफी नहीं है, बल्कि ‘दूसरों को दिखाई देना’ भी बेहद जरूरी है। इसके लिए हेडलाइट्स और फॉग लैंप्स का सही इस्तेमाल अनिवार्य है।
सुरक्षित सफर के लिए परिवहन विभाग के ‘गोल्डन रूल्स’
हादसों को रोकने के लिए विभाग ने वाहन चालकों को निम्नलिखित नियमों का पालन करने की सलाह दी है:
- लो-बीम का प्रयोग: कोहरे में हमेशा हेडलाइट को लो-बीम पर रखें। हाई-बीम की रोशनी कोहरे से टकराकर वापस आती है, जिससे दृश्यता और कम हो जाती है।
- दूरी और गति: वाहनों के बीच पर्याप्त दूरी बनाए रखें और गति अत्यंत धीमी रखें।
- फॉग लैंप और वाइपर: गाड़ी के फॉग लैंप, पार्किंग लाइट और डिफॉगर का सही उपयोग करें ताकि विंडस्क्रीन साफ रहे।
- ओवरटेकिंग से बचें: कोहरे के दौरान लेन अनुशासन का पालन करें और ओवरटेकिंग की कोशिश बिल्कुल न करें।
- इमरजेंसी स्टॉप: यदि कोहरा बहुत ज्यादा हो और आगे का रास्ता न दिखे, तो वाहन को सड़क से नीचे सुरक्षित किनारे पर खड़ा करें और इंडिकेटर चालू रखें।
बस और ट्रक चालकों पर विशेष नजर
परिवहन विभाग ने विशेष रूप से यात्री बसों और भारी मालवाहक वाहनों के चालकों को सतर्क रहने को कहा है, क्योंकि इन वाहनों से होने वाली भिड़ंत में जनहानि की आशंका अधिक होती है। अधिकारियों ने अपील की है कि सुरक्षित यात्रा के लिए अपनी और दूसरों की जान को खतरे में न डालें और यातायात नियमों का सख्ती से पालन करें।
”कोहरा जानलेवा हो सकता है। जरा सी जल्दबाजी बड़े हादसे को निमंत्रण दे सकती है। परिवहन विभाग सभी चालकों से सावधानी बरतने की अपील करता है।” — परिवहन विभाग, बेमेतरा

