दुर्ग/पुलगांव (छत्तीसगढ़): थाना पुलगांव पुलिस ने 19 महिला स्व-सहायता समूहों के लगभग बीस लाख रुपये के गबन के आरोप में एक महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी महिला ने समूह की राशि को बैंक में जमा करने के बजाय अपने पास रख लिया था, जिससे समूहों को भारी वित्तीय नुकसान हुआ और बैंक से नोटिस भी मिला।
मामले का विवरण:
- शिकायतकर्ता: दिव्या साहू (नव जागृति समूह अध्यक्ष) और श्रीमती हेमकल्याणी साहू (प्रगति समूह अध्यक्ष), ग्राम कोटनी, थाना पुलगांव।
- आरोपी: मनीता निषाद पति स्व. यशवंत निषाद (उम्र 39 वर्ष), ग्राम कोटनी।
- पद: मनीता निषाद ‘नव जागृति महिला स्व सहायता समूह’ में सचिव के पद पर थी।
- धोखाधड़ी की राशि: कुल लगभग ₹20 लाख।
- 10 महिला समूहों (बिहान योजनान्तर्गत) से लगभग ₹14 लाख।
- 09 अन्य महिला समूहों से लगभग ₹6 लाख।
- शामिल समूह: नव जागृति, उज्ज्वला, आस्था, राधे राधे, साधना, प्रेरणा, प्रगति, नवाअंजोर, जय मां शीतला, वैभव समेत कुल 19 स्व-सहायता समूह।
कैसे हुआ गबन?
- महिला स्व-सहायता समूहों ने स्वरोजगार हेतु बैंक से लोन लिया था।
- समूह की महिलाएं लोन की किश्त की राशि नगद में आरोपी मनीता निषाद को जमा करने के लिए देती थीं।
- आरोपी मनीता निषाद ने इन किश्तों की राशि को छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक, नगपुरा में जमा नहीं किया और स्वयं अपने पास रख लिया।
- बैंक द्वारा आहरण की गई राशि समय पर जमा न होने पर जब समूहों को नोटिस जारी हुआ, तब इस धोखाधड़ी का खुलासा हुआ।
पुलिस कार्रवाई:
- गबन की जानकारी मिलने पर गांव में आरोपी मनीता निषाद को रुपए वापस करने का समय दिया गया था, लेकिन वह 04 मार्च 2024 को रात्रि में घर से कहीं चली गई और नहीं मिली।
- समूहों की रिपोर्ट पर पुलगांव थाने में अपराध क्रमांक 533/2025 और 532/2025 पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई।
- आरोपी मनीता निषाद को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

