दुर्ग जिले के थाना सुपेला अंतर्गत चौकी स्मृतिनगर क्षेत्र में चोरी के दो मामलों का पुलिस ने चंद घंटों में ही खुलासा कर दिया है। एक नाबालिग को धमकाकर घर से सोने के जेवरात चोरी करवाने और अन्य मामलों में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को धर दबोचा है। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने सोने के जेवरात समेत करीब 8 लाख रुपये की मशरूका (मसूका/चोरी का माल) बरामद की है।
क्या है पूरा मामला?
प्रार्थी मोहम्मद मोहसिन खान (उम्र 32 वर्ष, निवासी दुर्गानगर जुनवानी रोड, भिलाई) ने चौकी स्मृतिनगर में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उनकी शिकायत के अनुसार, करीब 2-3 महीने पहले आरोपी अनुराग कुर्रे और उसके साथियों ने उनके 17 वर्षीय नाबालिग भांजे को डराया-धमकाया और घर से सोने के जेवरात लाने का दबाव बनाया।
नाबालिग के जरिए आरोपियों ने घर से दो सोने की अंगूठी, एक सोने का हार, एक जोड़ी सोने की कान की बाली और एक सोने का मंगलसूत्र चोरी करवा लिया था।

त्वरित कार्रवाई और बरामदगी
प्रार्थी की शिकायत पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 1158/2026, धारा 351(3), 305(ए), 95, 61(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की। चौकी स्मृतिनगर पुलिस टीम ने तकनीकी और मुखबिर की मदद से तीनों आरोपियों को हिरासत में लिया।
कड़ाई से पूछताछ के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर चोरी गए सोने के जेवरात के साथ-साथ चौकी स्मृतिनगर के ही एक अन्य अपराध (क्रमांक 1157/2026) से जुड़ी चोरी की सामग्री भी बरामद कर ली गई। दोनों मामलों में कुल मिलाकर करीब 8 लाख रुपये की संपत्ति जप्त की गई है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष न्यायिक रिमांड पर पेश कर दिया है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
- अनुराग कुर्रे (उम्र 18 वर्ष), निवासी- संजय नगर कुम्हारपारा, राहुल किराना स्टोर्स के पास, सुपेला, जिला दुर्ग।
- करन सोनी (उम्र 25 वर्ष), निवासी- दीपक किराना स्टोर्स के पास, भीमनगर वार्ड क्रमांक 10, सुपेला, जिला दुर्ग।
- रोहित गुप्ता (उम्र 23 वर्ष), निवासी- संजय पारा, भगत सिंह चौक, वार्ड क्रमांक 15, सुपेला, जिला दुर्ग।
जप्त सामग्री
- दो सोने की अंगूठी, एक सोने का हार, एक जोड़ी सोने की कान की बाली और एक सोने का मंगलसूत्र।
- चौकी स्मृतिनगर के अपराध क्रमांक 1157/2026 से संबंधित चोरी की सामग्री।
- कुल जप्त मशरूका की कीमत: लगभग 8,00,000 रुपये।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी भी नाबालिग बच्चे पर आपराधिक गतिविधियों में शामिल होने या दबाव बनाए जाने की जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। समय पर सूचना मिलने से पुलिस को अपराधियों तक पहुंचने और चोरी गई संपत्ति बरामद करने में मदद मिलती है।
